Friday, October 10, 2008

Being in Love


ख्वाबो ने पलकों पर रहना बंद कर दिया,
शायद उन्हें कोई चेहरा मिल गया,

साया भी अब हमसे बेवफा हो गया,
शायद उसने उनकी रुहू को छु लिया,

हथेली ने जो छुया उनके उन्स को,
लकीरों ने बदलना छोड़ दिया,

गम ने भी बदल लिया रास्ता अपना,
की मेरे घर में अब उसका एहसास रहने लगा,

तनहा रातो में तारो से लड़ने लगा,
अब में चाँद से उनकी शिफारिश करने लगा,

बदल गया सब जादू सा क्या चला,
शायद प्यार होने लगा,

हां शायद मुझे प्यार होने लगा,
उनसे प्यार होने लगा

Thursday, October 2, 2008

छुपते रहे...


छुपते रहे हम उम्र भर मौत से ज़िन्दगी की आड़ में,
आज जो छोडा ज़िन्दगी ने साथ,
मौत ने भी हमसे रुख मोड़ लिया

Essence of life


Once Sun said to Moon, "I'll burn you with all my power then I will rule the sky."

Moon laughed and replied, "Then you will have no one waiting for you to rise up in the sky"

(I request all readers to write their interpretation as a comment of this quote, Please as I want to know what it meant to you)

क्यो दूर हो मुझसे......

क्यो दूर हो मुझसे,
क्यो मुझे तड़पाती हो,

अपनी खूबसूरती पर गुरुर है,
या मेरे प्यार को आजमाती हो,

मोहबत की है तुमसे मोहबत से जादा,
एक-एक अदा से मेरी जान जलाती हो,

दीवाने है तेरे,
आशिक है तेरे,

नही है कोई चाहत की बात,
तो क्यो बातो से दिल बहलाती हो,

रहती हो हर पल धड़कन में,
साँसों में तुम समाती हो,

दूर हो मुझसे पर हर लम्हा साँस बनकर,
दिल तक पहुच ही जाती हो

ऐ ज़िन्दगी तू क्या चाहती है....

ज़िन्दगी तू मुझसे क्या चाहती है,
क्यो हर मोड़ पर मुझे आजमाती है,

में तो सदा तेरी देखाई रहा पर चला हु,
फिर क्यो हर कदम रुलाती है,

जो मैं पुरे मन से चाहता हु,
क्यो वही चीज़ मुझसे दूर चली जाती है,

लगता है अब डर अपने आप से,
अब तो ख्वाब में भी अपनी हार नज़र आती है,

लगता है छोड़ दू हर ख्वाइश का दामन,
फिर क्यो हर रोज एक नई ख्वाइश दिल में जाती है,

जानते है हम उस ख्वाइश के पुरा ना होने पर फिर कही टूट जायेंगे,
पर एक उम्मीद दिल में रहती है,

हर सुबह सूरज की किरण एक नई उमंग देती है,
बस युही ज़िन्दगी हर रोज़ आजमाती है,

ज़िन्दगी तू मुझे क्या चाहती है.........